
कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के अगले पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) पद के लिए केंद्रीय सरकार को आठ वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के नाम सौंप दिए हैं। यह सूची 21 जनवरी को दिल्ली भेजी गई, जिसमें कार्यवाहक डीजीपी राजीव कुमार का नाम प्रमुखता से शामिल है, जो 31 जनवरी को सेवानिवृत्त हो रहे हैं।
सूची में अन्य नामों में रणवीर कुमार, देबाशिश रॉय, अनुज शर्मा, जगमोहन, एन. रमेश बाबू और सिद्धिनाथ गुप्ता शामिल हैं। सरकारी नियमों के तहत राज्य सरकार यूपीएससी को वरिष्ठ अधिकारियों की सूची भेजती है, जिसकी समिति तीन नाम चुनकर राज्य को अंतिम चयन के लिए लौटाती है।
सूत्रों के अनुसार, राजीव कुमार का नाम प्रशासनिक जरूरतों के चलते जोड़ा गया, क्योंकि वे पिछले डीजीपी मनोज मलाविया के रिटायरमेंट के बाद शीर्ष पद पर थे। हालांकि, नाम शामिल होने का अर्थ पुनर्नियुक्ति की गारंटी नहीं है।
विचारणीय उम्मीदवारों में पूर्व एसपीजी अधिकारी पीयूष पांडे, राजेश कुमार और रणवीर कुमार प्रमुख हैं। पांडे वर्तमान में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की सुरक्षा का जिम्मा संभाल रहे हैं। यह राज्य की दूसरी कोशिश है, क्योंकि दिसंबर 2023 वाली पिछली सूची त्रुटियों से लौट आई थी।
नियमों में मलाविया के रिटायरमेंट से तीन माह पहले सूची भेजनी थी, जो समय पर नहीं हुई। राजेश कुमार ने केंद्रीय प्रशासनिक ट्रिब्यूनल में याचिका दायर कर अनियमितता का आरोप लगाया। अदालत ने 23 जनवरी तक नई सूची और 28 जनवरी को यूपीएससी बैठक के आदेश दिए। आयोग 29 जनवरी तक तीन नाम भेजेगा।
राज्य की जटिल सुरक्षा चुनौतियों के बीच यह नियुक्ति महत्वपूर्ण होगी। राजनीतिक अस्थिरता और कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर नई नेतृत्व की उम्मीदें कायम हैं।