
मध्य प्रदेश के दमोह जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना ने इलाके को हिलाकर रख दिया। तेंदूखेड़ा थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर एक स्थित एक कुएं में शनिवार सुबह नगर परिषद के सफाई कर्मचारियों को 35 वर्षीय महिला जयंती और उसके तीन माह के मासूम बेटे देवांश के शव तैरते नजर आए। यह हादसा था या सुसाइड, इसकी पड़ताल में जुटी पुलिस ने इलाके में सनसनी फैला दी है।
सफाई कर्मचारियों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। एसडीओपी अर्चना अहीर, थाना प्रभारी रावेंद्र बागरी और उनकी टीम मौके पर पहुंची। नगर परिषद स्टाफ की मदद से शवों को कुएं से बाहर निकाला गया। पंचनामा भरने के बाद शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिए गए।
मृतका झरौली गांव की रहने वाली जयंती पत्नी दुर्गा केवट थीं, जो अपने भाई की तेरहवीं में शामिल होने आई थीं। रिश्तेदार सिया रानी के अनुसार, रात दो बजे वह घर से लापता हो गईं। परिजनों ने खोजबीन की, लेकिन सुबह छह बजे कुएं से शव मिलने की खबर फैली।
जयंती पिछले पांच साल से बीमार चल रही थीं। उनके दो अन्य बच्चों की पहले ही मौत हो चुकी थी। पति मजदूर हैं। पुलिस हर संभावना तलाश रही है, जिसमें मानसिक तनाव या कोई षड्यंत्र भी शामिल है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार है। स्थानीय लोग सदमे में हैं और कुओं की सुरक्षा पर सवाल उठा रहे हैं। जांच तेज जारी है।