
छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में स्पंज आयरन प्लांट पर शुक्रवार सुबह एक भयावह हादसे ने सबको स्तब्ध कर दिया। सुबह नौ बजकर चालीस मिनट पर डस्ट सेटलिंग चैंबर से गर्म राख ले जा रही पाइपलाइन में रिसाव हो गया। इससे कोल भट्टी में जबरदस्त विस्फोट हुआ और उबलते लोहे का मलबा नीचे काम कर रहे मजदूरों पर गिर पड़ा।
इस भयानक हादसे में छह मजदूरों की मौके पर ही जलकर मौत हो गई। सभी बिहार के विभिन्न जिलों से थे। शव इतने जल चुके थे कि पहचान में भीख मुश्किल थी। पांच अन्य मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए, जिन्हें बिलासपुर के बर्न सेंटर ले जाया गया। मृतकों में गयाजी के सुंदर भारती और उनके बेटे राजदेव भारती शामिल हैं, जो मात्र 15 दिन पहले कमाई के लिए छत्तीसगढ़ पहुंचे थे।
सुंदर की पत्नी ने बताया कि सुबह ही बेटे से फोन पर बात हुई थी, जिसमें उसने सब सामान्य बताया था। घर में कोहराम मच गया। घायलों में मोताज अंसारी, सराफत अंसारी, साबिर अंसारी, कल्पू भुइयां और रामू भुइयां शामिल हैं।
कलेक्टर दीपक सोनी और एसपी भावना गुप्ता ने मौके पर पहुंचकर प्लांट सील करा दिया। नितेश अग्रवाल के प्लांट से मृतकों को 20 लाख और घायलों को 5 लाख मुआवजे की घोषणा हुई। श्रम विभाग जांच करेगा। केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने शोक जताते हुए गयाजी शव लाने का आश्वासन दिया। यह हादसा औद्योगिक सुरक्षा की पोल खोलता है।
