
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को भारत और इथियोपिया के बीच गहरे होते संबंधों की सराहना करते हुए कहा कि दोनों राष्ट्र एक ऐसी दुनिया की साझा परिकल्पना रखते हैं जहां ‘वैश्विक दक्षिण’ (Global South) किसी के खिलाफ नहीं, बल्कि सभी के कल्याण के लिए आगे बढ़ेगा। यह सोच दोनों देशों के बीच मैत्रीपूर्ण संबंधों का एक महत्वपूर्ण पहलू है।
प्रधानमंत्री मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि भारत और इथियोपिया ‘ग्लोबल साउथ’ के देशों के विकास और सशक्तिकरण के लिए मिलकर काम करने को प्रतिबद्ध हैं। उनका मानना है कि इस क्षेत्र के देशों का सामूहिक उत्थान न केवल उनकी अपनी प्रगति सुनिश्चित करेगा, बल्कि वैश्विक मंच पर एक अधिक संतुलित और न्यायसंगत व्यवस्था स्थापित करने में भी मदद करेगा। यह दृष्टिकोण ‘वसुधैव कुटुंबकम’ (विश्व एक परिवार है) के भारतीय दर्शन के अनुरूप है, जो सभी के विकास और सह-अस्तित्व पर बल देता है।
यह साझा दृष्टिकोण भारत और इथियोपिया के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करता है और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के नए द्वार खोलता है। दोनों देश मिलकर वैश्विक चुनौतियों का समाधान खोजने और सभी के लिए समावेशी विकास सुनिश्चित करने की दिशा में प्रयास करेंगे।
