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रिम्स : 36 घंटे बाद सुरक्षाकर्मी व ट्रॉली मैन लौटे काम पर, दिन भर हड़ताल से हलकान रहे मरीज

रिम्स : 36 घंटे बाद सुरक्षाकर्मी व ट्रॉली मैन लौटे काम पर, दिन भर हड़ताल से हलकान रहे मरीज

Ranchi : रिम्स के सुरक्षाकर्मियों की हड़ताल दिन भर चलने के बाद गुरुवार देर शाम समाप्त हो गयी. सुरक्षाकर्मी और ट्रॉलीमैन काम पर लौट आए. हड़ताल के दूसरे दिन स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता से मिलने और कैबिनेट में मसला उठाने के उनके आश्वासन के बाद सुरक्षाकर्मियों ने हड़ताल वापस लेने का फैसला लिया. हालांकि दिन भर हड़ताल जारी रहने से इमरजेंसी के मरीजों के साथ भर्ती मरीजों और उनके परिजन परेशान रहे. सबसे अधिक परेशानी एमआरआई, सिटी स्कैन के लिए एक जगह से दूसरे जगह जाने वाले मरीजों को हुई. इसके अलावा इमरजेंसी में पहुंचने वाले मरीजों के परिजनों को खुद से ही ट्रॉली और ह्वीलचेयर धकेल कर मरीजों को एक जगह से दूसरे जगह ले जाना पड़ा. सुरक्षाकर्मी अपने स्थान पर होम गार्ड की बहाली का विरोध कर रहे हैं. साथ ही चार महीने के बकाया वेतन की मांग कर रहे हैं.

स्वास्थ्य मंत्री का आश्वासन, कैबिनेट में रखेंगे उनकी मांग

गुरुवार को सुरक्षाकर्मियों का एक दल स्वास्थ्य मंत्री से मिलने उनके आवास पहुंचा. सुरक्षाकर्मियों ने बताया कि मंत्री बन्ना गुप्ता ने उन्हें आश्वासन दिया है कि उनकी बातों को वे अगली कैबिनेट की बैठक में रखेंगे. कोशिश करेंगे कि लोकल लोगों का रोजगार उनसे न छिने. हालांकि उन्होंने बताया कि सुरक्षाकर्मियों के बदले होम गार्ड की बहाली को लेकर लेटर मुख्य सचिव के स्तर से भी जारी हो चुका है. पर वे उनकी मदद करने का प्रयास करेंगे.

नहीं दिखी वैकल्पिक व्यवस्था

रिम्स के उपाधीक्षक डॉ शैलेश त्रिपाठी ने बताया था कि ट्रॉली मैन के कामों के लिए नवनियुक्त मल्टी टास्किंग स्टॉफ को बहाल किया जाएगा, ताकि लोगों को परेशानी न हो. इसके बावजूद दूसरे दिन भी किसी तरह की वैकल्पिक व्यवस्था नहीं दिखी. लोगों को खुद ही ट्रॉली मैन का काम करना पड़ा.

समान्य रही मरीजों की संख्या, 1412 लोग ओपीडी में इलाज के लिए पहुंचे

रिम्स में सुरक्षाकर्मियों की हड़ताल की सूचना के बाद भी मरीजों की संख्या आम दिनों की तरह ही रही. रिम्स के ओपीडी में गुरुवार को 1412 मरीज परामर्श के लिए पहुंचे. वहीं इमरजेंसी में शाम के चार बजे तक 137 मरीज पहुंचे. आम तौर पर रिम्स के ओपीडी में मरीजों की संख्या 1200 के करीब ही होती है. ठंड के कारण मरीजों की संख्या बढ़ी हुई है.

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रिम्स ने सुरक्षा एजेंसी को नवंबर तक के वेतन का किया भुगतान

रिम्स प्रबंधन ने गुरुवार शाम को जानकारी दी कि रिम्स ने सुरक्षा एजेंसी को नवंबर तक के वेतन का भुगतान कर दिया है. दिसंबर माह का भुगतान भी एक सप्ताह में कर दिया जाएगा. वहीं रिम्स प्रबंधन ने स्पष्ट कर दिया है कि सुरक्षाकर्मियों को हटाने का फैसला सरकार का है. इस पर वे कुछ नहीं कर सकते.

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